चंदौली—जिले के पड़ाव स्थित सेठ एमआर जयपुरिया स्कूल बनारस की पड़ाव शाखा के श्री संगम सभागार में शनिवार को सावन महोत्सव ‘अभ्युदय’ का भव्य एवं रंगारंग आयोजन किया गया. कार्यक्रम में सावन की मनोहारी छटा, भारतीय संस्कृति, संगीत, नृत्य और बच्चों की कल्पनाशीलता का अनूठा संगम देखने को मिला. नर्सरी से कक्षा दो तक के विद्यार्थियों ने अपनी मनमोहक प्रस्तुतियों से सभी का मन मोह लिया.
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों के स्वागत एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। विद्यालय के प्राचार्य विनीत कुमार दास ने स्वागत संबोधन में अतिथियों, अभिभावकों एवं विद्यार्थियों का अभिनंदन करते हुए आयोजन के उद्देश्य और भावना पर प्रकाश डाला.
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने विविधतापूर्ण सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से भारतीय संस्कृति एवं सावन के उल्लास को मंच पर जीवंत कर दिया. नर्सरी के बच्चों ने ‘अहं श्रीकृष्ण-आदेश’ प्रस्तुति से वातावरण को आध्यात्मिकता से भर दिया। कक्षा दो के विद्यार्थियों ने ‘स्वागत नृत्य-शिव जी’ के माध्यम से सावन की भक्ति और उत्साह का संचार किया.
आयोजन के दौरान बच्चों ने ‘सितारे जमीन पर’, ‘नर्सरी द्वारा वॉल्टिंग ट्री’ तथा अन्य आकर्षक प्रस्तुतियों से दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं। बच्चों की प्रस्तुतियों में भारतीय लोक-संस्कृति, रंग-बिरंगी परंपराओं और सावन की उमंग की झलक देखने को मिली. कक्षा एक के बच्चों ने ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ पर प्रस्तुति देकर दर्शकों का मनोरंजन किया, वहीं कक्षा दो के विद्यार्थियों ने ‘झूमिका’ तथा ‘ओ री सखी मंगल गावो रे’ जैसी प्रस्तुतियों से पूरे सभागार को तालियों से गूंजा दिया.
कार्यक्रम में अभिभावकों ने भी उत्साहपूर्वक सहभागिता की। उनके लिए कलरिंग, फैमिली रैप, पोस्टर मेकिंग, स्लोगन राइटिंग, डीआईवाई गतिविधियों समेत विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं. अभिभावकों की भागीदारी ने कार्यक्रम को और जीवंत बना दिया.
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पुलिस उपाधीक्षक चंदौली अनंत चंद्रशेखर ने विद्यार्थियों की प्रतिभा और आत्मविश्वास की सराहना की. उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ भारतीय संस्कृति, परंपराओं और सामूहिक सहभागिता से जुड़ने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं.
विद्यालय के प्रबंध निदेशक महेंद्रन ने विद्यार्थियों एवं अभिभावकों को संबोधित करते हुए कहा कि ‘Prismatic’ केवल रंगों का उत्सव नहीं, बल्कि बच्चों की कल्पना, प्रतिभा और अभिव्यक्ति के विभिन्न रंगों का उत्सव है. सावन की फुहारों के बीच जब कल्पना को मंच, प्रतिभा को अवसर और परिवार को विद्यालय का साथ मिलता है, तो हर बच्चा अपनी पहचान दुनिया के सामने रख सकता है.
कार्यक्रम के अंत में विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता अभिभावकों को सम्मानित एवं पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम का संचालन तृप्तिया पॉल एवं विधि श्रीवास्तव के संयोजन में हुआ। कक्षा चार से पांच की पंखुड़ी सिंह व महिनी तथा आभार ज्ञापन प्राथमिक वर्ग की संयोजिका रागिनी वर्मा ने प्रस्तुत किया.
इस अवसर पर विद्यालय के अध्यक्ष दीपक कुमार बजाज, प्रबंध निदेशक मनोज कुमार बजाज, कार्यकारी निदेशक श्याम सुंदर बजाज, निदेशक गौरव बजाज एवं चंदन बजाज, निदेशिका पूजा बजाज, प्राचार्य विनीत कुमार दास सहित शिक्षकगण, अभिभावक एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे.













