चंदौली—साइबर अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने बृहस्पतिवार को नवीन सभागार चंदौली में जिले के बैंक अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ बैठक की. बैठक में संदिग्ध बैंक खातों की निगरानी, साइबर धोखाधड़ी की रोकथाम और पुलिस-बैंक के बीच त्वरित सूचना आदान-प्रदान को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए.
बैठक में एसपी ने बैंक अधिकारियों को निर्देशित किया कि साइबर अपराध से जुड़े मामलों में बैंकिंग विवरण एवं तकनीकी जानकारी समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराई जाए. साथ ही mule Accounts की पहचान, खातों का kyc अपडेट एवं सत्यापन, हाई रिस्क ग्राहकों और लंबे समय से निष्क्रिय डॉरमेंट खातों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए.
उन्होंने कहा कि किसी भी गंभीर साइबर अपराध या संदिग्ध बैंकिंग गतिविधि की सूचना तत्काल स्थानीय पुलिस और साइबर सेल को दी जाए. प्रत्येक बैंक में साइबर नोडल अधिकारी नामित कर पुलिस और बैंक के बीच त्वरित समन्वय की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया.
बैठक में साइबर फ्रॉड के मामलों में पीड़ित खाताधारकों का KYC सत्यापन कर GMR पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने और मामलों में शीघ्र विधिक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए. एसपी ने कहा कि साइबर अपराध पर प्रभावी नियंत्रण के लिए पुलिस, बैंकिंग संस्थानों और जनसेवा केंद्र संचालकों के बीच बेहतर समन्वय एवं त्वरित सूचना साझा करना बेहद जरूरी है. इसके अलावा जनसेवा केंद्र (CSC/BC Point) की स्थापना और संचालन के संबंध में शाखा प्रबंधकों एवं बैंक कर्मियों को निर्देशित किया गया कि सभी केंद्र निर्धारित नियमावली और मानकों का कड़ाई से पालन करें. बैठक में अपर पुलिस अधीक्षक सदर अनंत चंद्रशेखर प्रभारी साइबर सेल, संबंधित अधिकारी, बैंक अधिकारी-कर्मचारी तथा जनसेवा केंद्र संचालक मौजूद रहे.









