चंदौली— जिले कस्बा शहाबगंज रहे वाले भारतीय सेना में हवलदार पद पर तैनात अरविंद कुमार मौर्य (38) का बृहस्पतिवार को दिल्ली स्थित सैन्य चिकित्सालय में इलाज के दौरान निधन हो गया. उनके निधन की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई.
शहाबगंज के रहने वाले स्व.अरविंद कुमार मौर्य, चंद्रशेखर उर्फ पारस नाथ मौर्य के पुत्र थे. वह दो भाइयों और एक बहन में दूसरे स्थान पर थे. छोटे से ही उन्हें सेना में भर्ती होने का जुनून था और वे खेलकूद में भी काफी सक्रिय थे.
स्वाजन में उनके छोटे भाई अनिल कुमार मौर्य रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) में तैनात हैं, जबकि बड़ी बहन रेखा मौर्य का रो-रोकर बुरा हाल है. मृतक अपने पीछे पत्नी मुन्नी देवी, 15 वर्षीय पुत्र आरुष और 12 वर्षीय पुत्र अंश को छोड़ गए हैं. पति के निधन से पत्नी मुन्नी देवी बार-बार बेहोश हो जा रही हैं, वहीं मां सुशीला देवी को भी गहरा सदमा लगा है और उनकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है.
अरविंद कुमार मौर्य के निधन से गांव में मातम पसरा हुआ है. उनके आवास पर शोक संवेदना व्यक्त करने वालों की भारी भीड़ जुट रही है. हर आंख नम है और हर जुबान पर उनकी सादगी, कर्तव्यनिष्ठा और देशभक्ति की चर्चा है.
सेना की ओर से दिल्ली छावनी में पूरे सैन्य सम्मान के साथ गार्ड ऑफ ऑनर देकर उन्हें अंतिम सलामी दी गई. इसके बाद उनका पार्थिव शरीर चंदौली जनपद स्थित उनके पैतृक गांव शहाबगंज के लिए रवाना कर दिया गया है. रात्रि में पार्थिव शरीर के गांव पहुंचने की संभावना है, जहां अंतिम संस्कार की तैयारी की जा रही है.




