चंदौली/वाराणसी—रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में बढ़ती आपराधिक घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण तथा यात्रियों की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के उद्देश्य से GRP और RPF की संयुक्त समन्वय गोष्ठी आयोजित की गई. 27 सितंबर 2026 को आयोजित बैठक में रेलवे क्षेत्र में अपराध की रोकथाम, अपराधियों पर प्रभावी अंकुश और यात्रियों की सुरक्षा को लेकर विस्तृत चर्चा हुई.
गोष्ठी का आयोजन पुलिस उपाधीक्षक, रेलवे वाराणसी कुंवर प्रभात सिंह एवं ASC RPF BSB अरविंद कुमार के नेतृत्व में किया गया. बैठक में रेलवे स्टेशन, प्लेटफॉर्म, सर्कुलेटिंग एरिया, आउटर तथा अन्य संवेदनशील स्थानों पर होने वाली आपराधिक घटनाओं को देखते हुए हॉटस्पॉट और संवेदनशील स्थानों को चिन्हित कर विशेष कार्ययोजना तैयार की गई.
चिन्हित स्थानों पर GRP और RPF द्वारा संयुक्त रूप से विशेष निगरानी, नियमित गश्त और संदिग्ध व्यक्तियों की चेकिंग पर जोर दिया गया. इसके साथ ही पूर्व में प्रकाश में आए अपराधियों एवं संदिग्ध व्यक्तियों की गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी रखने और दोनों सुरक्षा बलों के बीच सूचना तंत्र को और मजबूत करने के निर्देश दिए गए.
बैठक में यह भी तय किया गया कि किसी आपराधिक घटना की सूचना मिलते ही GRP और RPF तत्काल आपसी समन्वय स्थापित कर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे. दोनों बलों की ड्यूटी लिस्ट का भी आपस में आदान-प्रदान किया गया, ताकि एक-दूसरे की तैनाती और ड्यूटी वाले स्थानों की जानकारी रहे और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल समन्वय स्थापित किया जा सके.
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि रेलवे परिसर और ट्रेनों में यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है. इसके लिए संयुक्त गश्त, चेकिंग और निगरानी को और प्रभावी बनाया जाएगा तथा अपराध और अपराधियों पर नियंत्रण के लिए लगातार कार्रवाई जारी रहेगी.
गोष्ठी में जीआरपी कैंट वाराणसी प्रभारी निरीक्षक रजोल नागर, निरीक्षक पेशकार संजय कुमार मिश्रा, RPF वाराणसी प्रभारी निरीक्षक संदीप कुमार, RPF व्यासनगर प्रभारी निरीक्षक समन कुमार ठाकुर, RPF चौकी प्रभारी काशी उपनिरीक्षक लालजी यादव, GRP काशी चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक श्रीकांत यादव तथा CIB BSB के कांस्टेबल सतीश यादव सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे.









