वाराणसी—जिले के जैतपुरा थाना इलाके में कथित रूप से बड़े पैमाने पर जुए के फड़ संचालित होने के आरोपों ने एक बार फिर पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं. स्थानीय लोगों और सूत्रों का दावा है कि कथित तौर पर निक्की जायसवाल नामक व्यक्ति द्वारा जुएँ के सिंडिकेट का संचालन कराया जाता है. सिटी स्टेशन के आसपास प्रतिदिन सुबह 11 बजे से जुआ खेलने वालों का जमावड़ा लगता है, जहां ताश के 52 पत्तों पर लाखों रुपये का दांव लगाया जाता है.
बताया जा रहा है कि इस कथित जुए के फड़ पर वाराणसी के अलावा चंदौली, मिर्जापुर समेत पूर्वांचल के कई जिलों से लोग पहुंचते हैं. आरोप है कि पूरे खेल का संचालन सुनियोजित तरीके से किया जाता है और आने-जाने वालों पर नजर रखने के लिए अलग व्यवस्था भी की गई है.
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस संबंध में कई बार शिकायतें और खबरें सामने आने के बावजूद कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है. इसी वजह से लोगों के बीच यह चर्चा है कि आखिर कथित अवैध गतिविधियों पर अंकुश क्यों नहीं लगाया जा रहा.
कुछ दिन पहले तेलियाबाग में सराफा कारोबारी से हुई लूट के मामले में भी जांच के दौरान कथित तौर पर जुए के अड्डों से जुड़े पहलुओं की चर्चा सामने आई थी. इसके बाद पुलिस ने लूटकांड में शामिल आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया, लेकिन क्षेत्र में कथित जुए के फड़ के संचालन को लेकर सवाल अब भी बरकरार हैं.
क्षेत्रवासियों ने पुलिस प्रशासन और उच्च अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराते हुए, यदि आरोप सही पाए जाएं, तो जुए के अवैध कारोबार में संलिप्त लोगों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है.










