चंदौली—भारतीय शेयर बाजार में फैक्टर आधारित निवेश की बढ़ती लोकप्रियता के बीच NJ Mutual Fund ने अपना नया NJ Momentum Fund लॉन्च किया है। इस ओपन-एंडेड इक्विटी स्कीम का न्यू फंड ऑफर (NFO) 10 जुलाई 2026 से शुरू होकर 24 जुलाई 2026 तक निवेशकों के लिए खुला रहेगा. यह फंड मोमेंटम निवेश रणनीति पर आधारित है, जिसका उद्देश्य हाल के समय में बेहतर प्रदर्शन करने वाले गुणवत्ता वाले शेयरों में निवेश करना है.
शेयर बाजार में मोमेंटम रणनीति का आधार यह है कि जिन कंपनियों के शेयर मजबूत रुझान के साथ लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, उनके आगे भी बेहतर प्रदर्शन करने की संभावना हो सकती है. हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि केवल तेजी दिखाने वाले शेयरों में निवेश करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि कंपनियों की वित्तीय गुणवत्ता और निर्धारित निवेश मानकों का भी ध्यान रखना आवश्यक है.
क्वालिटी और मोमेंटम का संयोजन —
डॉ. विनय प्रकाश तिवारी के अनुसार, NJ Momentum Fund की खासियत यह है कि इसमें केवल तेजी वाले शेयरों का चयन नहीं किया जाएगा, बल्कि पहले कंपनियों की गुणवत्ता का मूल्यांकन किया जाएगा. इसके बाद मजबूत मोमेंटम वाले शेयरों का चयन नियम-आधारित प्रक्रिया के तहत किया जाएगा। इससे पोर्टफोलियो को अधिक अनुशासित बनाने का प्रयास किया जाएगा.
नियम आधारित निवेश पर जोर —
विशेषज्ञों का कहना है कि मोमेंटम फंड में निवेश संबंधी निर्णय भावनाओं, अफवाहों या बाजार के शोर के बजाय डेटा और पूर्व निर्धारित नियमों के आधार पर लिए जाते हैं. यदि किसी शेयर का प्रदर्शन कमजोर पड़ता है और दूसरा शेयर बेहतर मानकों पर खरा उतरता है, तो पोर्टफोलियो में आवश्यक बदलाव किया जा सकता है.
संभावित लाभ और जोखिम —
मोमेंटम रणनीति का उद्देश्य बाजार की तेजी का व्यवस्थित लाभ उठाना है, लेकिन यह पूरी तरह जोखिम-मुक्त नहीं है. बाजार में अचानक गिरावट या ट्रेंड बदलने की स्थिति में ऐसे फंड का प्रदर्शन प्रभावित हो सकता है. इसलिए निवेशकों को अपनी जोखिम क्षमता और निवेश अवधि को ध्यान में रखकर ही निर्णय लेना चाहिए.
किन निवेशकों के लिए उपयुक्त —
विशेषज्ञों के अनुसार, यह स्कीम उन निवेशकों के लिए उपयुक्त हो सकती है जो लंबी अवधि का निवेश करना चाहते हैं, इक्विटी बाजार की अस्थिरता सहन कर सकते हैं और अपने पोर्टफोलियो में फैक्टर आधारित निवेश शामिल करना चाहते हैं. वहीं, कम समय में निश्चित रिटर्न की अपेक्षा रखने वाले निवेशकों को निवेश से पहले सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.
NFO को लेकर भ्रम से बचें —
डॉ. तिवारी ने स्पष्ट किया कि NFO में ₹10 की शुरुआती यूनिट होने का मतलब यह नहीं है कि यह पहले से चल रहे किसी अन्य म्यूचुअल फंड से सस्ता या बेहतर है। किसी भी फंड का भविष्य का प्रदर्शन उसके पोर्टफोलियो और निवेश रणनीति पर निर्भर करता है, न कि उसकी शुरुआती NAV पर
उन्होंने निवेशकों को सलाह दी कि किसी भी योजना में निवेश से पहले उसका निवेश उद्देश्य, जोखिम स्तर, बेंचमार्क, खर्च, एग्जिट लोड और अपने मौजूदा पोर्टफोलियो के साथ उसके तालमेल का आकलन अवश्य करें.
सुझाव—यह जानकारी केवल निवेशक शिक्षा और सामान्य जानकारी के उद्देश्य से है. किसी भी म्यूचुअल फंड में निवेश से पहले योजना से संबंधित सभी दस्तावेज ध्यानपूर्वक पढ़ें तथा आवश्यकता होने पर पंजीकृत निवेश सलाहकार से परामर्श लें. म्यूचुअल फंड निवेश बाजार जोखिमों के अधीन हैं.










